Na Jane Kyun Kisi Ka Bewafa Hone Jaruri Tha

जुदा होने के मौसम में जुदा होना ज़रूरी था,
ना जाने क्यूँ किसी का बेवफा होना ज़रूरी था,

मेरे दिल ने जो इस को पूजने की इंतेहा कर दी,
तो फिर उस बेवफा का भी खुदा होना ज़रूरी था,

किसी से कोई भी शिकवा ना कोई भी शिकायत है,
जो मेरे साथ चाहत में हुआ, होना ज़रूरी था,

बहुत नज़दीक थे दिल इस लिए अब दूरियाँ भी हैं,
दिलों के दरमियाँ कुछ फासला होना ज़रूरी था,

उसे भी दर्द देने का बहुत ही शौक था मुझे,
हमें भी दर्द-ऐ-गम से आशना होना ज़रूरी था!!

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